पीरियड्स में महिलाओं को महाशिवरात्रि का व्रत रखना चाहिये या नहीं, जानें यहां
महाशिवरात्रि के व्रत को काफी खास माना जाता है और इस दिन विशेष रूप से भगवान शिव की पूजा की जाती है. यह व्रत न केवल आत्मिक शांति और पुण्य प्राप्त करने के लिए रखा जाता है बल्कि इससे समृद्धि और स्वास्थ्य के लिए भी शुभ माना जाता है.लेकिन कई महिलाओं के मन में यह सवाल उठता है कि क्या पीरियड्स के दौरान महाशिवरात्रि का व्रत किया जा सकता है या नहीं. आज हम आपको बताने जा रहे हैं महाशिवरात्रि के व्रत के दौरान पीरियड्स आने पर महिलाओं को क्या करना चाहिए और व्रत को सही तरीके से कैसे निभाया जा सकता है.
क्या पीरियड्स में महाशिवरात्रि व्रत रखना चाहिए
अगर किसी महिला को महाशिवरात्रि के व्रत के दौरान पीरियड्स आ जाएं तो उसे व्रत को बीच में छोड़ने की जरूरत नहीं है. हालांकि यदि पीरियड्स व्रत शुरू होने से पहले ही शुरू हो जाएं तो व्रत नहीं रखना चाहिए. हिंदू धर्म में यह माना जाता है कि पीरियड्स के दौरान पूजा-पाठ करना वर्जित होता है क्योंकि इसे शारीरिक रूप से अशुद्धि का समय माना जाता है. ऐसे में महिला को सिर्फ मन ही मन भगवान शिव का जाप करना चाहिए.
पीरियड्स में कैसे करें महाशिवरात्रि पूजा
यदि व्रत के दौरान पीरियड्स आ जाएं और आप फिर भी उपवास रखना चाहती हैं तो उपवास किया जा सकता है लेकिन पूजा में प्रत्यक्ष रूप से भाग लेना उचित नहीं होता. इस दौरान पूजा की सामग्री को छूना वर्जित है इसलिए बेहतर होगा कि पूजा के कार्य किसी और से कराए जाएं. आप मौन रहकर भगवान शिव का ध्यान कर सकती हैं और नाम जप कर सकती हैं जिससे आपको पूजा का पूरा फल मिल सके.