कोटा: शहर के कोचिंग हब इलाके में शनिवार रात करीब सवा 9 बजे एक बड़ा हादसा हुआ. जवाहर नगर थाना क्षेत्र के इंद्र विहार में ओपेरा हॉस्पिटल के नजदीक स्थित एक तीन मंजिला बिल्डिंग अचानक भरभराकर ढह गई. इस हादसे में मलबे के नीचे कई लोग दब गए हैं, जिनमें कोचिंग के छात्रों के भी शामिल होने की आशंका है.
बिल्डिंग के ग्राउंड फ्लोर पर तीन अलग-अलग रेस्टोरेंट चल रहे थे, जिनमें मुरादाबादी नॉन-वेज रेस्टोरेंट प्रमुख था. नीचे दुकानों में ग्राहक और कर्मचारी मौजूद थे, साथ ही बाहर बाइक पार्किंग एरिया में बैठे कुछ लोग भी प्रभावित हुए है. घटना के समय तेज आवाज आई, जिसे कुछ लोगों ने ब्लास्ट जैसी बताया, और पूरी इमारत ढह गई.
रेस्क्यू ऑपरेशन और मौके पर स्थिति: सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन, नगर निगम की टीमें, सिविल डिफेंस और एसडीआरएफ की कंपनियां मौके पर पहुंच गईं. रेस्क्यू ऑपरेशन तेजी से चलाया जा रहा है, अब तक आधा दर्जन से ज्यादा लोगों को बाहर निकाला गया है, जिनमें कुछ कोचिंग छात्र भी शामिल हैं. सभी घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया है. फिलहाल किसी मौत की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन कई लोगों के अभी भी मलबे में दबे होने की आशंका है.
सूचना मिलते ही विधायक संदीप शर्मा और वर्तमान महापौर राजीव अग्रवाल भी घटनास्थल पर पहुंचे. संदीप शर्मा ने बताया कि बिल्डिंग तीन मंजिला थी और गिरने के सटीक कारण अभी स्पष्ट नहीं हैं. हालांकि, पास में निर्माण कार्य चल रहा था, जिसकी वजह से यह हादसा हुआ हो सकता है. उन्होंने राहत-बचाव कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं.
पुलिस ने पूरे इलाके को घेर लिया है और लोगों को नजदीक जाने से रोका जा रहा है. अंधेरा होने के कारण रेस्क्यू में कुछ दिक्कत आ रही है, लेकिन लाइटिंग और अतिरिक्त टीमों के साथ काम जारी है. एक प्रत्यक्षदर्शी आदित्य विजय ने बताया कि बिल्डिंग एकाएक ढह गई, कुछ लोगों को तुरंत निकाला गया, जबकि कई भागकर बच गए. प्रशासन ने लोगों से शांत रहने और इलाके से दूर रहने की अपील की है. हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है.
घटना की जानकारी मिलने पर प्रदेश के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर में मौके पर पहुंच गए हैं. उन्होंने पूरे रेस्क्यू ऑपरेशन की जानकारी ली. मौके पर आसपास के इलाकों की बिजली सप्लाई रोक दी गई है. साथ ही करीब एक दर्जन से ज्यादा बुलडोजर मंगाकर रेस्क्यू किया जा रहा है. फंसे हुए लोगों को निकालने का काम तेजी किया जा रहा है.
मौके पर जिला कलेक्टर पीयूष समारिया, पुलिस अधीक्षक तेजस्विनी गौतम सहित पूरा प्रशासन का अमला पहुंच गया है. इसके साथ ही भारी भीड़ को रोकने के लिए भी पुलिस जाप्ता भी तैनात किया गया है. अंदर फंसे हुए कुछ लोग मोबाइल पर बात कर रहे हैं और अपने रेस्क्यू की गुहार कर रहे हैं. हालांकि, उनका रेस्क्यू नहीं हो पा रहा है, क्योंकि आसपास छोटी बिल्डिंग में है और क्रेन भी बड़ी मुश्किल से पहुंच पा रही है.
जिला कलेक्टर पियूष समरिया के निर्देश पर जिला परिवहन अधिकारी सुरेंद्र सिंह सहित आला अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए. परिवहन अधिकारियों ने तत्काल क्रेन और बुलडोजरों को मंगाया है. बाताय जा रहै है पास में ही एक दूसरी दुकान के निर्माण के चलते ये हादसा हुआ है. पास की दुकान को पूरी तरह से खोदकर तोड़ दिया गया था, जिससे हादसे की संभावना जताई जा रही है.
